HomeWorld Newsपीएम के पास समरी पहुंचें; 26 को इमरान की सबसे बड़ी...

पीएम के पास समरी पहुंचें; 26 को इमरान की सबसे बड़ी रैली होगी | इमरान खान रावलपिंडी रैली बनाम पाकिस्तान सेना प्रमुख घोषणा | पाकिस्तान कीखबरें

Date:

Related stories

साओ पाउलो के अस्पताल में इलाज जारी | साओ पाउलो के अस्पताल में इलाज जारी है

स्पोर्ट्स डेस्क4 मिनट पहलेब्राजील के दिग्गज फुटबॉलर पेले की...

भास्कर अपडेट्स: धमाका के दौरान घर में बम बनाने के दौरान, टीएमसी नेता सहित 3 की मौत

हिंदी समाचारराष्ट्रीयभास्कर लाइव अपडेट घर में बम बनाते वक्त...

कार्यक्षेत्र3 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक
- Advertisement -
- Advertisement -

पाकिस्तान की अगली सेना के प्रमुख के नाम का ऐलान 26 नवंबर को हो सकता है। प्रधानमंत्री शाहबाज शरीफ के पास कुछ नामों की समरी पहुंच चुकी है। वो इनमें से एक नाम फाइनल करके इसे राष्ट्रपति आरिफ अल्वी के पास भेजेंगे। अगर इमरान खान के समर्थक अल्वी ने गड़बडिय़ों के मुताबिक कोई कानूनी जाल नहीं फंसाया तो 26 का नाम तय हो जाएगा। 29 नई सेना का प्रधान कमान संभालेगा।

- Advertisement -

इस बीच, सरकार और दोषों के लिए मुश्किल हो गए इमरान खान रावलपिंडी में ऐतिहासिक रैली कर रहे हैं। इस रैली को दो चीजें खास बनाती हैं। पहली रैली रावलपिंडी में होगी और कार्यवाहक आर्मी हेडक्वॉर्टर होंगे। आईज खामियों से टकराव की तैयारी है। दूसरा- दोष और सरकार से नए इलेक्शन जल्द ही जारी हो जाएंगे।

इमरान खान के लार्ज मार्च की वजह से ही सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस सलमान को पिछले हफ्ते पाकिस्तान का दौरा रद्द करना पड़ा था।

इमरान खान के लार्ज मार्च की वजह से ही सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस सलमान को पिछले हफ्ते पाकिस्तान का दौरा रद्द करना पड़ा था।

बजाज को एक और संबद्ध नहीं
शाहबाज शरीफ तो चाहते थे कि वर्तमान सेना मेजर जनरल कमर जावेद बाजवा को एक और संबद्ध करें, लेकिन खुद बाजवा इसके लिए तैयार नहीं थे। ऐसे में जाहिर है कि मुल्क की सबसे ताकतवर पोस्ट पर बाजवा की जगह कोई नया जनरल काबिज होगा।

बुधवार को पीएम ऑफिस से जारी बयान में कहा गया- समरी हमारे पास पहुंच चुकी है। प्रधानमंत्री एक या दो दिन में नाम तय कर उन्हें राष्ट्रपति के पास भेज देंगे। 61 साल के बजाज के बारे में पिछले हफ्ते एक बड़ा खुलासा हुआ था। ‘फैक्ट फोकस’ नाम की एक वेबसाइट पर दावा किया गया था कि बजाज ने 6 साल के कार्यकाल के दौरान अरबों रुपये की संपत्ति बनाई थी। इसके रिकॉर्ड्स भी सामने आए। अब सरकार जानकारी लीक होने के मामले की जांच कर रही है।

समरी में कौन नाम
वजीर-ए-आजम यानी प्रधानमंत्री के पास रक्षा मंत्रालय ने 6 नाम भेजे हैं। इसे ही समरी कहा जाता है। इनमें से एक नाम चुना जाएगा। इमरान के करीबी दोस्त और पूर्व ISI चीफ जनरल फैज हमीद को आर्मी चीफ बनाना चाहते थे और इसके लिए बाजवा और सरफराज दोनों ही तैयार नहीं करते। इमरान दबाव बना रहे थे कि नए सेना प्रमुख की बहाली के मामले में उनकी भी सलाह ली जाए, लेकिन संविधान में यह सिर्फ प्रधान मंत्री को दिया गया है। खान इससे बौखलाए हुए हैं।

टकराव के लिए तैयार खान

  • इमरान ने इस महीने की शुरुआत में करोड़ों लोगों से लंबी यात्रा शुरू की थी। वजीराजाज में कथित तौर पर उन पर हमला हुआ। इसके बाद से वो वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए भाषण दे रहे हैं। उनकी पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के बाकी नेता मार्च तक बढ़ रहे हैं।
  • कहा जा रहा है कि नई सेना के प्रमुख पर दबाव बनाने के लिए ही इमरान ने 26 मार्च को फौज के ही शहर में रैली करने का ऐलान किया है। इसके अलावा वो सरकार को भी अल्टीमेटम दे रहे हैं कि वो जल्द से जल्द जनरल इलेक्शन की तारीखों का ऐलान करें। खान पहले ही कह चुके हैं कि अगर सरकार और उसका पैरोकार (फौज) चुनाव की तारीखों का ऐलान नहीं करते तो वो मुल्क जाम कर देंगे।
  • सरकार और दोष परेशान हैं क्योंकि सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान (MBS) को पाकिस्तान के खराब हालात की वजह से पिछले हफ्ते अपना दौरा रद्द करना पड़ा था। 2014 में इमरान की वजह से ही चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग को पाकिस्तान रद्द करना पड़ा।
  • खान की पार्टी ने बुधवार को दावा किया कि 26 नवंबर को होने वाली रैली ऐसी होगी, जैसा पाकिस्तान के इतिहास में कभी नहीं हुआ। इमरान के लंबे मार्च में अब तक एक महिला पत्रकार सहित 3 लोगों की मौत हो चुकी है।

फौज और सरकार भी तैयार
इमरान के लार्ज मार्च की वजह से सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान का दौरा रद्द हो गया। इसके अलावा पंजाब और खैबर पख्तूनख्वा में केंद्र सरकार कुछ नहीं कर पा रही है। इसकी वजह से सिर्फ सरकार ही नहीं, बल्कि घोटाले भी परेशान करते हैं। इमरान के बयानों से दरार में दरार की भी खबरें हैं। माना जा रहा है कि दोष और सरकार इमरान के खिलाफ सख्त रुख बच्चों का फैसला कर चुके हैं। इसका संकेत रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ के बयान से मिलते हैं।

आसिफ ने मंगलवार को कहा- सबसे जरूरी काम सेना प्रमुख की नियुक्ति है। यह प्रक्रिया 2 या 3 दिन में पूरी हो जाएगी। इसके बाद इमरान से सटुकट जाएगा।

MBS के दौरे से क्या उम्मीद थी

  • पाकिस्तान के फॉरेन रिजर्व इस समय 7 से 8 अरब डॉलर के बीच हैं। इनमें भी करीब 2.5 अरब डॉलर के जुगाड़ वाले पैसे के तौर पर जमा हैं। पाकिस्तान को सऊदी तेल भी कर्ज दे रहा है। 1.5 अरब डॉलर यूएई ने दिए हैं। ये भी कॉन्ट्रैक्ट मनी है। मामूली पैसे का मतलब यह है कि यह पैसा पाकिस्तान सरकार के विकल्प में रहेगा, लेकिन इसका इस्तेमाल या खर्च नहीं कर पाएगा।
  • शाहबाज शरीफ सरकार में प्राप्त मिनिस्टर इश्क डार ने पिछले दिनों कहा था- प्रिंस सलमान पाकिस्तान को 4.1 अरब डॉलर का कर्ज देगा। इसके अलावा टोयोटा सेक्टर में भी हमारी मदद की जा रही है।
  • अब सलमान का दौरा रद्द होने से पाकिस्तान की मुश्किलें बढ़ गई हैं। इंटरनेशनल मॉनेटरी फंड यानी आईएमएफ से भी पाकिस्तान को तीन महीने तक कोई किश्त नहीं मिलने वाला। पिछले महीने चीन भी गया था सरफराज, लेकिन वहां से कोई नया कर्ज नहीं मिला।

खबरें और भी हैं…

Source link

- Advertisement -

Subscribe

- Never miss a story with notifications

- Gain full access to our premium content

- Browse free from up to 5 devices at once

Latest stories

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here